Librería Samer Atenea
Librería Aciertas (Toledo)
Kálamo Books
Librería Perelló (Valencia)
Librería Elías (Asturias)
Donde los libros
Librería Kolima (Madrid)
Librería Proteo (Málaga)
अपने बारे में बात करना सबसे अज़ीब बात होती है और उससे भी ज़्यादा अजीब होता है खुद को जज करना, ये तय करना कि हम कहाँ सही थे कहाँ ग़लत lजितना हम सोच सकते हैं उससे भी कई गुना ज़्यादा घुमाव होते हैं ज़िन्दगी में फिर भी हमें उसका साथ हर हाल में निभाना पड़ता हैl खैर, हम यहाँ बात कर रहे हैं शायरी, गीत ग़ज़ल, और मुक्तकों की जो हमारी ज़िन्दगी का सबसे अहम हिस्सा हैं जिसके लिये कई बार क़समें-वादे सब तोड़े हमने, बात ये है कि कोई प्लान करके लेखक नहीं बनता (लेखक संवेदनाओं की कोख से जन्म लेता है और परिस्थितियों की गोद में पलता -बढ़ता है) शायद हमारे साथ भी यही हुआ है lख़्याल जेहेन में हलचल करते हैं और हम लिखने बैठ जाते हैंl नहीं पता कि कहाँ जाना है, क्या करना है? क्या खोना या पाना है बस लिखने से सुकून आता है तो इसीलिये लिखते हैं बाक़ी तो अब तक की ज़िन्दगी में कुछ ऐसा हासिल नहीं हुआ है कि आपको बता सकें l